Thursday, 23 May 2013

दिल्‍ली का ट्रेफिक

दिल्‍ली की सड्को का हाल बेहाल है एक तरफ ट्रेफिक ने कर रखा कमाल है जहां देखो लंबी कतारो में असंख्‍य गाडिया् दिख जाती है मानेां कि दिल्‍ली गाडियों का शहर सा लगता है ऐसा लगता है कि यहां पर तो लोग रहते ही नहीं है बस गाड्यिां ही रहती हैं जिसके कारण से हमें तो ऐसा लगता है कि परिवार नियोजन से पहले गाड्यिों के नियोजन के बारे में दिल्‍ली सरकार को सोचना पडे्गा क्‍योंकि गाडी् बम्‍ब दिल्‍ली पर कभी भी फट सकता है जो होगा प्रदूषण के रूप में ओर शोर शराबे के रूप में ा जिसके दुरूपयोग इतने होंगे जितने हमने कभी सोचे न होगे ा 
   दिन का थका हारा श्रमिक जब अपने ऑफिस से घर को प्रस्‍थान करता है तो उसे जल्‍दी घर जाने की लगी होती है और दिल्‍ली में ट्रेफिक का हाल तो ऐसा है जैसे कोई मघुमक्‍खी का छता जिस तरह मघुमक्‍खी एक जगह इक्‍ठठी हो जाती है उसी तरह ट्रफिक भी एक जगह इक्‍ठठा हो जाता है और आम आदमी बहुत परेशान रहता है और उसके शेार शराबे से कईयों को तो चक्‍कर आ जाते है तो कई तो सरकार को कोसते हैं ओर तो ओर ट्रफिक पुलिस वालों को गाली बकते हैं 
   ये तो आम बात रही जिससे हर व्‍यक्ति को दो चार होना पड्ता है  लेकिन बात हो रही है ट्रेफिक की जो दिन पे दिन अपने पैर पसारता जा रहा है जो पर्यावरण वैज्ञानिको के लिए चिता का विषय है  लेकिन ये उन लोगों को चिता का विषय नहीं लगता जो अपने वाहन से चलते है वो तो मजे से एसी का मजा लेते है लेकिन उन्‍हे शायद लगता हो कि हमें भी देर हो रही है तो वो अपने निजी वाहन न निकालने की सोचते ा
  परंतु सच्‍च तो यही है कि आम हो या खा्स सभी को इस प्रदूषण ओर ट्रफिक से दो चार होना पड्ता है लेकिन इस प्रदूशण से बचने के उपाय कोई नहीं करता है दिल्‍ली सरकार ने 2004 में पैट्रोल और डिजल की गाड्यिा बंद कर दी थी और दिल्‍ली में भारी संख्‍या में पेड् लगवाए थे और सीएनजी का प्रयोग बढृवा दिया था लेकिन सीएनजी ही सबसे ज्‍यादा प्रदूषण का कारण बने हुए है जिसका विकल्‍प अभी तक नहीं मिल पाया है लेकिन ट्रेफिक का तो विकल्‍प हमारे पास है फिर हम उस विकल्‍प के बारे में सोचते भी नहीं है
    जल्‍दी के चक्‍कर में सारे नियम कानूनों को लांग जाते है ओर बाद में हम ही इसका शिकार बनते हैं  
हम लोग आडी् टेडी् गाडिृयों पार्क करते हैं जो ट्रेफिेक का कारण बनती हैं
हम लोगों को स्‍वंय ही सुधरना होगा तभी जाकर हम अपने समाज को सुधार पाएगे और इस ट्रफिक से निजात पाएगें

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